हाथ-पैर काटने जैसी सज़ा दी जाए तभी लोग कानून का पालन करेंगे: हाईकोर्ट
बलात्कार के आरोपी को ज़मानत देने से इनकार करते हुए कर्नाटक हाईकोर्ट ने टिप्पणी की, "कानून का कोई खौफ नहीं रह गया है क्योंकि हम अपराधियों से सख्ती से नहीं निपटते।" मिडल ईस्ट में दी जाने वाली सज़ाओं से तुलना करते हुए कोर्ट ने कहा, "अगर किसी का हाथ/पैर काट दिया जाए...शायद तभी लोगों को कानून की अहमियत समझ आएगी।"