शिक्षक और स्नातक एमएलसी चुनाव में जीत का फैसला सिर्फ पहली वरीयता के वोटों से नहीं होता। उम्मीदवार को निर्धारित मतों का कोटा हासिल करना होता है। ऐसा न होने पर सबसे कम वोट पाने वाले उम्मीदवार को बाहर कर उसके मतपत्रों की अगली वरीयताओं के वोट गिने जाते हैं। यह प्रक्रिया जीत तय होने तक जारी रहती है।