अरशद नदीम के पास कभी भाला खरीदने के लिए भी नहीं थे पैसे, गांव वालों ने जुटाया था चंदा
पेरिस ओलंपिक्स के गोल्ड मेडलिस्ट पाकिस्तानी जैवलिन थ्रोअर अरशद नदीम के पिता एक मज़दूर रहे हैं और नदीम के पास कभी भाला खरीदने के लिए भी पैसे नहीं थे। उनके गांव के लोग और उनके रिश्तेदार चंदा इकट्ठा करते थे ताकि वह प्रतियोगिताओं में भाग ले सकें। इसी साल नदीम ने नए भाले के लिए अधिकारियों से अपील की थी।