संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, जलवायु परिवर्तन पर कार्रवाई न होना ऐसा खतरा है जिसके लिए इंसान सबसे कम तैयार है। ऐसे अन्य खतरों में व्यापक ऋण संकट, भू-राजनीतिक तनाव, बहुपक्षीय संस्थाओं का पतन, बड़े पैमाने पर प्रदूषण, बढ़ती असमानताएं, बड़े पैमाने पर आबादी का पलायन और कानून के शासन का पतन जैसी चिंताएं भी शामिल हैं।