कैसे ब्लड प्रेशर के लिए बनाई गई 'वायग्रा' बन गई सेक्सवर्धक दवा?

फार्मा कंपनी फाइज़र ने 1990 के दशक में हाइपरटेंशन और एनजीना के उपचार के लिए सिल्डेनाफिल (वायग्रा) का ट्रायल शुरू किया था। ट्रायल में वायग्रा पुरुषों में ब्लड-फ्लो बढ़ाने के साथ-साथ साइड इफेक्ट के तौर पर उत्तेजना और लिंग में तनाव पैदा कर रही थी। इसके बाद फाइज़र ने ट्रायल रोककर इसे इरेक्टाइल डिस्फंक्शन के लिए विकसित करना शुरू किया।

Load More