किसने लिखी थी 'जय अम्बे गौरी' आरती और पहली बार इसे कब गाया गया था?
'एबीपी न्यूज़' के मुताबिक, मां दुर्गा की प्रचलित आरती 'जय अम्बे गौरी…' की रचना 16वीं शताब्दी में सूरत (गुजरात) में जन्में शिवानंद वामदेव पंड्या ने की थी। पहली बार इसे 1601 में मांडवा बुजुर्ग गांव में अम्बाजी के मंदिर में 'यज्ञ' की समाप्ति के दौरान गाया गया था। इस आरती के अंत में 'शिवानंद स्वामी' का ज़िक्र भी आता है।