नींद का अधिकार बुनियादी मानवीय आवश्यकता है: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा है कि नींद का अधिकार बुनियादी मानवीय आवश्यकता है और किसी व्यक्ति को इससे वंचित करना उसके मानवाधिकारों का उल्लंघन है। एक 64-वर्षीय कारोबारी ने मनी लॉन्डरिंग केस में गिरफ्तारी के खिलाफ याचिका में कोर्ट से कहा था कि ईडी ने पूरी रात उनसे पूछताछ की थी। हालांकि, कोर्ट ने कारोबारी की याचिका खारिज कर दी।