बिहार में फर्ज़ी कैंडिडेट वर्षों तक करता रहा सरकारी शिक्षक की नौकरी, 32 साल बाद हुआ पर्दाफाश
बांका (बिहार) में दूसरे अभ्यर्थी के नाम और दस्तावेज़ों पर करीब 30-साल तक सरकारी शिक्षक की नौकरी करने वाले मनोज कुमार को बर्खास्त कर दिया गया है। दरअसल, 1994 में असली मनोज का चयन शिक्षक और दरोगा दोनों पदों पर हुआ था। उन्होंने दरोगा की नौकरी चुनी और दूसरे व्यक्ति ने उनके दस्तावेज़ों पर शिक्षक की नौकरी हासिल कर ली।