भारत में स्पर्म डोनेट करना क्यों माना जाता है टैबू? एक्सपर्ट से जानें वजह
लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज (दिल्ली) की मनोचिकित्सक डॉक्टर प्रेरणा कुकरेती के मुताबिक, भारतीय समाज में वंश व पारिवारिक पहचान को बहुत महत्व दिया जाता है और जब कोई पुरुष अपना स्पर्म डोनेट करता है तो यही सोच लोगों को नैतिक और सामाजिक रूप से असहज कर देती है। उन्होंने कहा कि स्पर्म डोनेशन समाज को आगे बढ़ाने का विकल्प है।