यूज़र्स का दावा- धरती बचानी है तो ChatGPT पर Sorry न बोलें; OpenAI CEO ने दिया जवाब
ऑनलाइन एक दावा वायरल है जिसके अनुसार, चैटजीपीटी से सवाल पूछते समय 'सॉरी' और 'धन्यवाद' न कहने से पृथ्वी बच सकती है। तर्क दिया जा रहा है कि ज़्यादा शब्द प्रोसेस करने में अधिक ऊर्जा लगती है। हालांकि, ओपनएआई के सीईओ सैम ऑल्टमैन ने स्पष्ट किया कि इससे लागत बढ़ती है लेकिन पर्यावरण पर इसका असर बेहद कम है।