इस साल शरद पूर्णिमा 25 अक्टूबर को मनाई जा रही है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शरद पूर्णिमा की रात चंद्रमा की किरणें अमृत के समान होती हैं इसलिए लोग चांद की रोशनी में खीर रखने के बाद उसका सेवन करते हैं। मान्यताएं हैं कि समुद्र मंथन के समय देवी लक्ष्मी का प्राकट्य शरद पूर्णिमा की तिथि पर हुआ था।