सिर्फ ₹25 करोड़ लगाकर भारतीय कंपनी की वैल्यू ₹3 करोड़ से ₹4,925 करोड़ कैसे पहुंची?
सेबी के मुताबिक, धेनु बिल्डकॉन ने कंपनी की मार्केट-वैल्यू ₹3-करोड़ से बढ़ाकर ₹4,925-करोड़ दिखाने के लिए ₹25-करोड़ का अवैध तरीके से इस्तेमाल किया। कंपनी ने यह रकम 7 संबंधित संस्थाओं के ज़रिए घुमाकर ₹1,000-करोड़ का कर्ज़ मिलने का दिखावा किया और बाद में उसे 6 संस्थाओं के लिए इक्विटी में बदल दिया। इससे कंपनी की शेयर पूंजी और वैल्यू बढ़ी।