कभी पुरुषों के लिए थे 'सैनिटेरी पैड्स', फिर बन गए महिलाओं के पीरियड्स के साथी
आज जिस सैनिटेरी पैड को महिलाओं से जोड़ा जाता है, उसकी नींव प्रथम विश्व युद्ध में पड़ी थी। युद्ध में घायल सैनिकों का खून रोकने के लिए मुख्य रूप से लकड़ी के गूदे (वुड पल्प) से डिस्पोज़ेबल पट्टियां बनाई गई थीं। यह तरकीब देखकर 1888 में पहली बार 'साउथऑल पैड' नाम से दुनिया का पहला कमर्शियल डिस्पोज़ेबल पैड तैयार हुआ।