चावल के स्टॉक पर सरकार का नया शिकंजा! कारोबारियों को क्यों बताना होगा भंडार?
केंद्र सरकार ने चावल की उपलब्धता और कीमतों पर नजर रखने के लिए देशभर के कारोबारियों, खुदरा-थोक विक्रेताओं, प्रोसेसिंग कंपनियों और मिल मालिकों के लिए चावल-धान के स्टॉक की जानकारी देना अनिवार्य कर दिया है। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और तेलंगाना को 31 जनवरी 2027 तक स्टॉक लिमिट लगाने की अनुमति दी गई है।