कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के केंद्रीय न्यासी बोर्ड ने सर्वसम्मति से कर्मचारियों और नियोक्ताओं के लिए ईपीएफ के योगदान को 12% से घटाकर 10% करने के प्रस्ताव को खारिज कर दिया है। फिलहाल, कर्मचारी और नियोक्ता ईपीएफ में मूल वेतन का 12% योगदान करते हैं। गौरतलब है, ₹15,000 तक की मूल वेतन वालों के लिए ईपीएफ अंशदान अनिवार्य है।