नेपाली को 'गैर-भारतीय भाषा' बताने को लेकर एनजीओ ने गोरखाओं से माफी मांगी
एनजीओ ऑल इंडिया वीमेंस कॉन्फ्रेंस (एआईडब्ल्यूसी) ने अपनी एक सदस्य द्वारा नेपाली को 'गैर-भारतीय भाषा' कहने के बाद इसे लेकर माफी मांगी है। एआईडब्ल्यूसी की सदस्य चंद्रप्रभा पांडे ने 'आज़ादी का अमृत महोत्सव' कार्यक्रम के लिए कलिम्पोंग (पश्चिम बंगाल) के कलाकारों द्वारा भेजा गया योगदान अस्वीकार कर दिया था। एआईडब्ल्यूसी ने कहा, "हम अपने सभी गोरखा भाइयों...का सम्मान करते हैं।"
read more at Twitter


